जीवन संघर्ष में पलता है। संघर्ष से जीवन में सौंदर्य का समावेश होता है,एक अनुराग पैदा होता है। संघर्ष में पला जीवन एक रसीली अनुभूति में डूबा होता है। जिसके स्मरण मात्र से एक दीर्घ स्वांस के साथ एक ऊर्जा भर जाती है। जिसका ताप मुख को ढाँप लेता है और नेत्र किसी अनन्त ऊंचाई तक पहुंच जाते हैं। जीवन के प्रति अनुराग यहीं से उत्पन्न होता है। हम सभी को संघर्ष से प्रेम करना चाहिए,तब जीवन अपने आप सुगम हो जाएगा।
-आशीष कुमार तिवारी
-आशीष कुमार तिवारी

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